ये है हुमायूं का खूबसूरत मकबरा, तैयार होने में लग गए थे 8 साल
punjabkesari.in Tuesday, Jan 02, 2018 - 12:26 PM (IST)

भारत में घूमने-फिरने के लिए बहुत सी खूबसूरत और ऐतिहासिक इमारतें है। भारत में ऐसी कई प्राचीन और ऐतिहासिक जगहें है जिनसे कोई न कोई कहानी जुड़ी हुई है। ऐतिहासिक चीजों के बारे में जानने के इच्छुक लोग ऐसी जगहों पर ही घूमने का प्लान बनाते है। आज हम आपको ऐसी ही एक ऐतिहासिक जगहें के बारे में बताने जा रहें है। वैसे तो दिल्ली में घूमने के लिए बहुत सी खूबसूरत और ऐतिहासिक जगहें है लेकिन हम बात कर रहें है मुगल सम्राट हुमायूं के खूबसूरत मकबरे की। तो चलिए जानते है इसके बारे में कई और बातें।
दिल्ली में स्थित हुमायूं का मकबरा उनकी मौत के 9 साल बाद उनकी विधवा बेगम ने बनवाया था। इस भवन के निमार्ण के लिए वास्तुकारों को अफगानिस्तान के हेरात शहर से बुलाया गया था। इसे बनने में करीब 8 साल लग गए थे, जोकि एक मकबरे के लिए बहुत ज्यादा हैं।
यमुना नदी के किनारे पर बने इस मकबरे में बहुत ही सुदंर तरीके से कलाकारी की गई हैं। 30 एकड़ तक फैले इस मकबरे के आस-पास हरियाली ही हरियाली हैं। इस मकबरे को बनाने के लिए सबसे ज्यादा बलुआ पत्थर का इस्तेमाल हुआ। आजतक किसी भी ऐतिहासिक इमारत को बनाने के लिए इतने पत्थर नहीं लगे।
इसकी खूबसूरती के कारण इसे युनेस्को द्वारा विश्व धरोहर स्थल घोषित किया गया। आप यहां मकबरे में बने चतुर्भुजाकार यानि चारबाग की खूबसूरती भी देख सकते हैं। यह पारसी शैली में बना बगीचा पूरे दक्षिण एशिया में इस प्रकार का पहला बाग है। लोग इस मकबरे के महत्व और इतिहास को जानने के साथ-साथ यहां के खूबसूरत नजारों का मजा भी लेते है।