माघ गुप्त नवरात्रि आज से शुरू, इस बार हाथी पर सवार होकर आई मां दुर्गा
punjabkesari.in Monday, Jan 19, 2026 - 11:53 AM (IST)
नारी डेस्क: हिंदू धर्म में नसाल में चार बार नवरात्रि आते हैं। इसमें चैत्र नवरात्रि, शारदीय नवरात्रि और दो बार गुप्त नवरात्रि होते हैं। माघ माह के गुप्त नवरात्रि आज से शुरु हो गई है। गुप्त नवरात्रि का विशेष और गूढ़ महत्व माना गया है। यह नवरात्रि आम नवरात्रियों की तरह सार्वजनिक रूप से नहीं, बल्कि गुप्त साधना और तंत्र-मंत्र के लिए होती है। इस बार मां दुर्गा हाथी पर सवार होकर धरती पर पधारी हैं।

घटस्थापना का मुहूर्त
माघ माह के गुप्त नवरात्रि 19 जनवरी से शुरू हुए हैं और 27 जनवरी को समाप्त होंगे। घटस्थापना का शुभ मुहूर्त सुबह 7 बजकर 14 मिनट से लेकर 10 बजकर 47 मिनट तक रहा। इसके बाद दोपहर 12 बजकर 11 मिनट से लेकर दोपहर 12 बजकर 53 मिनट तक अभिजीत मुहूर्त रहेगा जिसे घटस्थापना के लिए शुभ माना जाता है।
गुप्त नवरात्रि का महत्व
यह नवरात्रि तांत्रिक साधना, सिद्धि और आत्मिक उन्नति के लिए मानी जाती है। साधक इस दौरान देवी के दस महाविद्या स्वरूपों की उपासना करते हैं। मनोकामना सिद्धि, ग्रह दोष शांति और नकारात्मक शक्तियों से रक्षा के लिए इसे श्रेष्ठ समय माना जाता है। इस दौरान की गई साधना का फल शीघ्र और प्रभावशाली माना जाता है। यह साधु-संत, तांत्रिक और गूढ़ साधना करने वालो के लिए खास महत्व रखती है।

गुप्त नवरात्रि के नियम
इस दौरान मां दुर्गा या अपनी इष्ट देवी की पूजा करें। मंत्र जप, हवन, ध्यान करें और संयम, सात्विक भोजन और ब्रह्मचर्य का पालन करें। गुप्त नवरात्रि में की गई साधना “अदृश्य शक्ति” प्रदान करती है, इसलिए इसे गुप्त रखा जाता है। इस बार मां दुर्गा का हाथी पर सवार होकर आना बेहद ही शुभ संकेत है। यह सवारी इस बात को दर्शाती है कि आने वाले समय में देश-दुनिया में कुछ शुभ होगा और लोगों का मंगल होगा. हाथी की सवारी को बहुत ही शुभ माना गया है।

