बारिश आने से पहले ही बढ़ गए Dengue के मामले, इस मौसम के बुखार को ना करना Ignore
punjabkesari.in Friday, Jun 05, 2026 - 06:04 PM (IST)
नारी डेस्क: आमतौर पर डेंगू को मॉनसून की बीमारी माना जाता है लेकिन यह पैटर्न धीरे-धीरे बदल रहा है और अब गर्मियों के महीनों में भी डेंगू के मामले सामने आ रहे हैं। चूंकि अभी भी ज़्यादातर लोग यही मानते हैं कि डेंगू सिर्फ़ बारिश के मौसम में होता है, इसलिए इसके शुरुआती लक्षणों को गंभीरता से नहीं लिया जाता या उन्हें सामान्य सर्दी-जुकाम समझ लिया जाता है। यह चिंता की बात है क्योंकि अगर इलाज न किया जाए, तो डेंगू तेज़ी से बढ़ सकता है और गंभीर जटिलताएं पैदा कर सकता है। इसीलिए जागरूकता सिर्फ़ मॉनसून तक ही सीमित नहीं होनी चाहिए। जागरूक रहने से जानलेवा स्थितियों से बचा जा सकता है।
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गर्मियों में डेंगू के मामले बढ़ने का कारण
डॉक्टर कहते हैं- गर्मियों में डेंगू के मामले अचानक या बिना किसी वजह के नहीं आते। जलवायु परिवर्तन भी डेंगू फैलाने वाले मच्छरों के जीवित रहने और वायरस को फैलाने के लिए ज़िम्मेदार है। तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी भी डेंगू संक्रमण के जोखिम को 13 प्रतिशत तक बढ़ा सकती है। हफ़्तों तक भीषण गर्मी और लू चलने के बाद, अचानक बारिश हो सकती है और उसके बाद बहुत ज़्यादा उमस हो सकती है। डॉक्टर ने बताया कि इन सभी वजहों से डेंगू फैलाने वाले मच्छरों के पनपने के मौके बढ़ सकते हैं, खासकर घनी आबादी वाले शहरी इलाकों में।
डेंगू में सबसे आम चिंता क्या होती है?
जब किसी को डेंगू होता है, तो लोगों की सबसे पहली चिंता प्लेटलेट काउंट का कम होना होती है। लेकिन डॉक्टर कहते हैं कि- गंभीर डेंगू की पहचान फ्लूइड का रिसाव, बहुत ज़्यादा ब्लीडिंग या अंगों का काम करना बंद कर देना (ऑर्गन फेलियर) जैसी गंभीर समस्याओं से होती है, और इनका हमेशा प्लेटलेट लेवल से सीधा संबंध नहीं होता है। उनका कहना है कि यह बीमारी स्वभाव से ही 'धोखा देने वाली' होती है। इसके लक्षण दूसरी बीमारियों जैसे ही होते हैं, खतरनाक रूप लेने से ठीक पहले अक्सर ऐसा लगता है कि मरीज़ ठीक हो रहा है, और यह कुछ ही घंटों में जानलेवा हो सकता है, कभी-कभी तब भी जब प्लेटलेट लेवल बहुत कम न हों।
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डेंगू के लक्षण
-सिरदर्द
-मांसपेशियों, हड्डियों और जोड़ों में दर्द
-उल्टी
-जी मिचलाना
-आंखों में दर्द होना
-त्वचा पर लाल चकत्ते होना
-ग्लैंड्स में सूजन होना
डेंगू का इलाज
डेंगू के प्राथमिक सोर्स होते हैं एडीज मच्छर जो की रुके हुए पानी में पनपते हैं। आपके घर में मच्छरों के प्रजनन के जोखिम को कम करने के लिए घर में जहां पानी भरा हुआ है उन स्थानों को खत्म करें और रुके हुए पानी को तुरंत साफ करें। खुली त्वचा पर मच्छर भगाने वाली क्रीम लगाने से मच्छर के काटने की संभावना काफी कम हो सकती है। अगर आपके एरिया या घर में मच्छर ज्यादा हैं तो मच्छर से बचाने वाली क्रीम का उपयोग करें। ध्यान रखें कि उनमें DEET, पिकारिडिन, सिट्रोनेला और नींबू नीलगिरी का तेल जरूर शामिल हों। मच्छरों को घर में आने से रोकने के लिए खिड़कियां और दरवाजे बंद रखें, साथ ही मच्छरदानी का उपयोग करें। ये मच्छर से बचाने के लिए सबसे अच्छा उपाय हो सकते हैं। इसके अलावा, घर के अंदर ठंडा वातावरण बनाए रखने के लिए पंखे या एयर कंडीशनिंग का उपयोग करें क्योंकि ठंडे मौसंम में मच्छरों की गतिविधि कम हो जाती है।

