ग्राहकों के लिए जरूरी खबर, आज से लगातार 4 दिन तक बंद रहेंगे बैंक
punjabkesari.in Friday, Sep 11, 2026 - 12:13 PM (IST)
नारी डेस्क: शुक्रवार, 11 सितंबर 2026 को पूरे भारत में ग्राहकों को ब्रांच-बेस्ड बैंकिंग सेवाओं में रुकावट का सामना करना पड़ सकता है, क्योंकि यूनाइटेड फोरम ऑफ़ बैंक यूनियंस (UFBU) ने देशव्यापी हड़ताल बुलाई है। इस हड़ताल का असर पब्लिक सेक्टर के बैंकों पर ज़्यादा पड़ने की उम्मीद है, हालांकि रुकावट का स्तर बैंक और जगह के हिसाब से अलग-अलग हो सकता है। कुछ राज्यों में ग्राहकों को लगातार कई दिनों तक बैंक की रेगुलर सेवाएं नहीं मिल पाएंगी।
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बैंकों में रहने वाली है लंबी छुट्टी
यह हड़ताल वीकेंड से ठीक पहले हो रही है, 12 सितंबर को दूसरा शनिवार है और 13 सितंबर को रविवार। कई राज्यों में गणेश चतुर्थी के कारण 14 सितंबर को भी बैंक की शाखाएं बंद रहेंगी, जबकि कुछ जगहों पर 15 सितंबर को भी छुट्टी रहेगी। देशव्यापी हड़ताल का आह्वान UFBU ने किया है, जो बैंक कर्मचारियों और अधिकारियों के प्रमुख यूनियनों का एक संगठन है। इस फोरम में ऑल इंडिया बैंक एम्प्लॉइज एसोसिएशन (AIBEA), ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स कन्फेडरेशन (AIBOC), नेशनल कन्फेडरेशन ऑफ बैंक एम्प्लॉइज (NCBE), ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन (AIBOA), बैंक एम्प्लॉइज फेडरेशन ऑफ इंडिया (BEFI), इंडियन नेशनल बैंक एम्प्लॉइज फेडरेशन (INBEF) और इंडियन नेशनल बैंक ऑफिसर्स कांग्रेस (INBOC) जैसे यूनियन शामिल हैं।
बैंक बंद करने की क्या है वजह?
UFBU ने आगे की कार्रवाई की घोषणा की है, जिसमें 28 से 30 सितंबर तक तीन दिन की देशव्यापी हड़ताल और अगर उनकी मांगें पूरी नहीं होती हैं तो 26 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल का प्रस्ताव शामिल है। मुख्य मांगों में पांच दिन का बैंकिंग सप्ताह लागू करना और सरकार की परफॉर्मेंस लिंक्ड इंसेंटिव (PLI) योजना में बदलाव शामिल हैं। बैंक यूनियन कई सालों से हफ्ते में पांच दिन काम करने की मांग कर रही हैं। इंडियन बैंक्स एसोसिएशन मार्च 2024 में 12वें बाइपार्टाइट सेटलमेंट (द्विपक्षीय समझौते) के तहत इस प्रस्ताव पर सहमत हो गई थी, लेकिन इसे लागू करने पर सरकार का अंतिम फैसला अभी बाकी है। यूनियन ने बदले हुए PLI फ्रेमवर्क का भी विरोध किया है, वे इस स्कीम की समीक्षा की मांग कर रही हैं और इसे लागू करने को लेकर चिंताएं जता रही हैं। कर्मचारियों से जुड़े अन्य लंबित मुद्दे भी इस आंदोलन का हिस्सा हैं।
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ग्राहकों को दी गई ये सलाह
11 सितंबर पूरे भारत में बैंक की कोई आम छुट्टी नहीं है, लेकिन हड़ताल की वजह से ब्रांच लेवल पर कामकाज प्रभावित हो सकता है। इसका असर अलग-अलग बैंकों और ब्रांच में कर्मचारियों की भागीदारी पर निर्भर करेगा। कई बड़े सरकारी बैंकों ने ग्राहकों को संभावित रुकावट के बारे में चेतावनी देते हुए एडवाइज़री जारी की है। इनमें स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया (SBI), पंजाब नेशनल बैंक (PNB), UCO बैंक, इंडियन बैंक और बैंक ऑफ़ महाराष्ट्र जैसे बैंक शामिल हैं। SBI ने कहा है कि उसने ब्रांच और ऑफ़िस के सामान्य कामकाज को बनाए रखने के लिए इंतज़ाम किए हैं, साथ ही ग्राहकों को आगाह भी किया है कि प्रस्तावित हड़ताल से बैंकिंग कामकाज प्रभावित हो सकता है। बैंक ने ग्राहकों को सलाह दी है कि वे ज़रूरी लेन-देन पहले ही निपटा लें और जहाँ संभव हो, डिजिटल माध्यमों का इस्तेमाल करें। इसी तरह, PNB ने भी ग्राहकों को सलाह दी है कि वे हड़ताल के दौरान ज़रूरी लेन-देन के लिए डिजिटल बैंकिंग सेवाओं का इस्तेमाल करें, जिनमें UPI, मोबाइल बैंकिंग, इंटरनेट बैंकिंग, ATM और ऑटोमेटेड डिपॉज़िट-कम-विड्रॉल मशीनें (ADWMs) शामिल हैं।

