सिर्फ लड़ने वाली ही नहीं, दोस्त भी होती है सास

Monday, June 12, 2017 4:30 PM
सिर्फ लड़ने वाली ही नहीं, दोस्त भी होती है सास

पंजाब केसरी(रिश्ते-नाते)- शादी का रिश्ता सिर्फ पति-पत्नी के बीच का ही नहीं होता बल्कि यह रिश्ता दोनों परिवार के बीच भी बंधा होता है। शादी के बाद लड़की उतना समय अपने पति के साथ नहीं बिताती जितना सास के साथ। दोनों के बीच अच्छा तालमेल बैठ जाए तो जिंदगी स्वर्ग बन जाती है। सास-बहू के बीच छोटी-छोटी बातों को लेकर नोक-झोंक रहे तो परिवार में तनाव बना रहता है। यह बात भी जरूरी नहीं कि हर 
आदत एक जैसी हो, कुछ औरतें अपनी बहू से इसलिए भी ईर्ष्या करती हैं कि उनका बेटा कहीं मां को भूलकर बीवी की बातें ही न सुनने लगे।


1. बात-बात पर ईर्ष्या करना
सास को हमेशा इस बात का दुख सताता रहता है कि उनका बेटा शादी के बाज बदल गया है। उसे हमेशा इस बात की गलतफहमी लगी रहती है कि उनकी बहू बेटे के लिए ठीक नहीं है। 

2. छोटी-छोटी बात पर टोकना
कुछ सास बहू की हर बात पर नजर रखती हैं। आप कहा जा रही हैं, कितने समय के लिए कहां बैठी हैं। कौन सा काम आज नहीं किया या फिर आप क्या कर रही हैं और क्या नहीं। इन सब पर सास की नजर रहती है। 

3. हर समय चलाकी करना
कुछ औरतें अपने बेटे और बहू के बीच दूरियां बढ़ाने के लिए बातें इधर से उधर करती हैं। वह बड़ी चलाकी से बेटे के कान भरती हैं, जिससे आपके पति के लिए भी यह तय करना मुश्किल हो जाता है कि वो किसे चुनें बीवी को या फिर मां को। 

4. हुकूम चलाना
कुछ सास चाहती हैं कि उनकी बहू जो भी काम करें उनसे पूछ कर करे। जिससे सास की अहमियत बनी रहे। कहीं पर जाना हो तो पहले सास की इजाजत ले। बाहर जाकर बार-बार कॉल करे। आपको समझने में थोड़ी देर लगेगी लेकिन असल में वह आपकी फिक्रमंद होती है। 

5. दोस्त की तरह साथ 
यह जरूरी नहीं कि सास हमेशा ही बुरी होती है। वह आपको प्यार करती है और बहुत बार जिंदगी की मुश्किलों में दोस्त की तरह साथ भी देती है। आपकी सास कुछ इस तरह की है तो समझ जाएं कि किसी तरह का दुख आपके पास आ भी नहीं सकता। 


 



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