‘बहुत दर्द में थे...’ मनोज कुमार के अंतिम पल थे ऐसे, बेटे ने नम आंखों से किया दिल का हाल बयां
punjabkesari.in Friday, Apr 04, 2025 - 11:28 AM (IST)

नारी डेस्क: दिग्गज अभिनेता और फिल्ममेकर मनोज कुमार के निधन की खबर ने उनके फैंस को गहरे शोक में डाल दिया है। मनोज कुमार को उनके फैंस प्यार से 'भारत कुमार' के नाम से बुलाते थे। उनके साथ जुड़ी कई यादें फैंस के दिलों में हमेशा रहेंगी। यह दुखद घटना उनके स्वास्थ्य के कारण हुई और अब उनकी मौत की वजह भी सामने आ गई है।
मनोज कुमार की लंबी बीमारी के बाद निधन
मनोज कुमार लंबे समय से सांस की बीमारी से जूझ रहे थे। उनके निधन की जानकारी सबसे पहले कोकिलाबेन अस्पताल द्वारा दी गई। अस्पताल ने अपने ऑफिशियल बयान में बताया कि मनोज कुमार को पिछले एक हफ्ते से सांस की बीमारी के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अस्पताल के अनुसार, उन्होंने आज सुबह करीब 3:30 बजे अंतिम सांस ली। उनके निधन का कारण उम्र संबंधित स्वास्थ्य समस्याएं थीं, और वे कुछ हफ्तों से अस्पताल में इलाज चल रहा था।
अस्पताल की तरफ से बयान
कोकिलाबेन अंबानी अस्पताल ने अपने बयान में कहा, "मनोज कुमार का निधन आज सुबह करीब 3:30 बजे हुआ। वह पिछले कुछ दिनों से सांस संबंधी समस्याओं से जूझ रहे थे और अस्पताल में भर्ती थे। उनका निधन उम्र संबंधित स्वास्थ्य समस्याओं के कारण हुआ।"
#WATCH | Veteran actor Manoj Kumar passed away at the Kokilaben Dhirubhai Ambani Hospital early this morning at around 3:30 AM.
— ANI (@ANI) April 4, 2025
His son, Kunal Goswami, says, "...He has had health-related issues for a long time. It's the grace of the god that he bid adieu to this world… pic.twitter.com/bTYQnXNHcF
मनोज कुमार के बेटे कुणाल गोस्वामी का बयान
मनोज कुमार के निधन पर उनके बेटे कुणाल गोस्वामी ने भी एएनआई से बातचीत की और दुख जाहिर किया। उन्होंने कहा, "मेरे पिता जी का निधन कोकिलाबेन अस्पताल में हुआ। वे पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे, लेकिन उन्होंने सभी समस्याओं का मुकाबला किया। भगवान की कृपा से, वे आराम से इस दुनिया से गए हैं। हम उनका अंतिम संस्कार कल, शनिवार की सुबह करेंगे।"
मनोज कुमार का फिल्मी करियर
मनोज कुमार का फिल्मी करियर बहुत ही शानदार रहा। उन्होंने 1957 में अपनी पहली फिल्म 'फैशन' से बॉलीवुड में कदम रखा था। इसके बाद वह कई हिट फिल्मों का हिस्सा बने। इनमें 'उपकार', 'कांच की गुड़िया', 'क्रांति', 'रोटी कपड़ा और मकान', 'वो कौन थी', 'पूरब और पश्चिम' और 'पत्थर के सनम' जैसी फिल्मों ने उन्हें एक बड़ा स्टार बना दिया।
उनकी ज्यादातर फिल्में देशभक्ति से जुड़ी होती थीं, जिसके कारण उन्हें ‘भारत कुमार’ का नाम दिया गया था। उनकी फिल्मों में भारत के प्रति प्रेम और समर्पण की भावना दर्शायी जाती थी, जिसे उनके फैंस हमेशा याद रखेंगे।
मनोज कुमार का योगदान बॉलीवुड में हमेशा याद किया जाएगा। उनका निधन फिल्म इंडस्ट्री के लिए एक बड़ी क्षति है। उनके फैंस और पूरे फिल्म जगत में शोक की लहर है।