स्विमिंग पूल में बच्चों की आंखों को इंफेक्शन से बचाने के आसान तरीके
punjabkesari.in Monday, Apr 06, 2026 - 07:46 PM (IST)
नारी डेस्क : गर्मियों में बच्चों को स्विमिंग पूल में खेलना बेहद पसंद होता है, लेकिन कई बार यह मजा उनकी आंखों के लिए परेशानी बन सकती है। गंदे या ठीक से मेंटेन न किए गए पूल में मौजूद बैक्टीरिया और केमिकल्स आंखों में इंफेक्शन का कारण बन सकते हैं, जिसे आमतौर पर “पिंक आई” कहा जाता है। ऐसे में जरूरी है कि बच्चों की आंखों की सुरक्षा के लिए कुछ खास सावधानियां बरती जाएं।
स्विमिंग पूल में छिपे हेल्थ रिस्क
खराब तरीके से साफ किए गए पूल में बैक्टीरिया और गंदगी हो सकती है, जिससे आंखों में इंफेक्शन हो सकता है।
बच्चे अक्सर पानी में आंखें खोलकर तैरते हैं, जिससे इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है।
तौलिए, गॉगल्स या अन्य चीजें शेयर करने से संक्रमण तेजी से फैल सकता है।
पूल में डाला जाने वाला क्लोरीन आंखों की नैचुरल परत (tear film) को नुकसान पहुंचा सकता है।

पिंक आई (आंखों के इंफेक्शन) के लक्षण
आंखों का सफेद हिस्सा लाल दिखना
आंखों में जलन, खुजली या कुछ फंसा हुआ महसूस होना
पानी या पीले-सफेद रंग का डिस्चार्ज आना
धुंधला दिखाई देना और पलकों में सूजन।

बच्चों को कैसे बचाएं? (Preventive Tips)
बच्चों को हमेशा स्विमिंग गॉगल्स पहनाकर ही पूल में भेजें
केवल साफ और अच्छी तरह मेंटेन किए गए पूल का ही चुनाव करें
तौलिए, गॉगल्स या पर्सनल चीजें शेयर न करें
बड़े बच्चे स्विमिंग के दौरान कॉन्टैक्ट लेंस न पहनें
स्विमिंग के बाद आंखों को साफ पानी से जरूर धोएं।

स्विमिंग बच्चों के लिए एक बेहतरीन एक्सरसाइज है, लेकिन थोड़ी सी लापरवाही आंखों के इंफेक्शन का कारण बन सकती है। सही सावधानियां अपनाकर आप बच्चों को “पिंक आई” जैसी समस्याओं से बचा सकते हैं और उनका स्विमिंग एक्सपीरियंस सुरक्षित बना सकते हैं।

