दीपिका कक्कड़ की कैंसर से लड़ाई का असर उनके बेटे पर पड़ा, शोएब को सताई अपने बच्चे की चिंता

punjabkesari.in Friday, Jul 03, 2026 - 12:42 PM (IST)

नारी डेस्क: अभिनेत्री दीपिका कक्कड़, जो एक साल से ज़्यादा समय से लिवर कैंसर से जूझ रही हैं हाल ही में उनका दूसरा इम्यूनोथेरेपी सेशन हुआ। अपने इलाज के बारे में जानकारी देते हुए, दीपिका ने इस बारे में भी बात की कि उनकी बीमारी का उनके बेटे रूहान पर कितना इमोशनल असर पड़ा है। उन्होंने बताया कि "इस एक महीने में रूहान इमोशनली कमज़ोर हो गया है। उसने कई दिनों तक घर को खाली देखा और इसका उस पर असर पड़ा"।

PunjabKesari
अपने लेटेस्ट व्लॉग में, शोएब इब्राहिम ने दीपिका कक्कड़ की सेहत के बारे में जानकारी दी और बताया कि उनका दूसरा इम्यूनोथेरेपी इन्फ्यूजन होने वाला है। शोएब ने आगे कहा कि उन्हें प्रोसीजर के दौरान दीपिका को हॉस्पिटल में छोड़कर अपने बेटे रूहान के पास घर लौटना होगा। शोएब ने बताया- "आज दीपिका का दूसरा इन्फ्यूजन है और हम उसके लिए जा रहे हैं। रूहान भी आज बहुत चिड़चिड़ा हो रहा था। पिछले एक महीने में वह दीपिका के साथ ज़्यादा रहा है। अगर दीपिका का इन्फ्यूजन रात तक हो जाता है, तो मैं उसके पास घर वापस चला जाऊंगा।" 
PunjabKesari

दीपिका ने आगे कहा, " जब हमने उसे बताया कि हम आज जाएंगे, तो वह खुश नहीं था। सुबह से ही वह न जाने की ज़िद कर रहा था, लेकिन हम यह पक्का कर रहे हैं कि हममें से कोई एक उसके साथ रहे।" कुछ महीने पहले, दीपिका कक्कड़ ने कहा था कि बीमारी की वजह से वह अपने बेटे को समय नहीं दे पा रही थीं। अप्रैल में एक व्लॉग में दीपिका ने कहा- "मेरे मन में बहुत सी बातें चल रही हैं। मेरी बीमारी की वजह से शोएब को बहुत सारी चीज़ें संभालनी पड़ रही हैं। कभी-कभी मैं रूहान को समय नहीं दे पाती। जिन दिनों मैं थकी हुई होती हूं, बस सोती रहती हूं। अगर मैं अस्पताल में होती हूं, तो रूहान के साथ नहीं रह पाती। बीमार होने पर सब कुछ बदल जाता है - आपका रूटीन, आपकी प्राथमिकताएं और आपके शरीर को आराम की ज़रूरत होती है।"

PunjabKesari
मंगलवार को शोएब इब्राहिम के पिता को 37 दिन अस्पताल में रहने के बाद छुट्टी दे दी गई। उन्हें 23 मई को ब्रेन हैमरेज के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था। एक व्लॉग में यह अच्छी खबर शेयर करते हुए शोएब ने कहा- "हम एक महीने और सात दिन बाद पापा को घर ले जा रहे हैं। उनकी हालत बेहतर है, लेकिन हमें बहुत सावधानी बरतनी होगी। मैं भगवान का बहुत शुक्रगुजार हूँ कि पापा घर जा रहे हैं। उनके शरीर का दाहिना हिस्सा बाएँ हिस्से की तुलना में बेहतर प्रतिक्रिया दे रहा है।"
 


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Writer

vasudha

Related News

static