ना रोकेगा कोई गाड़ी, ना काटने पड़ेंगे पास के लिए चक्कर... Toll Plaza के पास रहने वालों का सफर होगा अब बेहद आसान
punjabkesari.in Tuesday, Sep 01, 2026 - 09:18 AM (IST)
नया नियम: अगर आपका घर टोल प्लाज़ा से 20 km के अंदर है, तो हाईवे पर आपका सफर अब और भी आसान हो जाएगा। अब आपको टोल पास खरीदने की भी जरूरत नहीं पड़ेगी । भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण यानी NHAI ने लोकल टोल पास के प्रोसेस को डिजिटल कर दिया है। अब आप RajmargYatra ऐप के जरिए घर बैठे लोकल टोल पास के लिए आवेदन कर सकते हैं, इस लोकल पास की मासिक फीस 350 रुपये है।

वाहन की हो जाएगी ऑटो मैपिंग
सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि नए एआई-आधारित सिस्टम में टोल प्लाजा से बैरियर हटा दिए जाएंगे। वाहनों की जानकारी सीधे केंद्रीय वाहन पोर्टल से फास्टैग के जरिए अपने आप लिंक (ऑटो मैपिंग) हो जाएगी। जब किसी स्थानीय निवासी की गाड़ी टोल प्लाजा से गुजरेगी तो पोल पर लगे हुए एआई तकनीक से लैस कैमरे उसकी पहचान कर लेंगे। सिस्टम ऑटोमैटिक वाहन डेटाबेस से निवासी का पता मैच करके बिना गाड़ी रोके शून्य रुपये का भुगतान दर्ज कर लेगा।
डिजिटल पास की ये है खासियत
पहले, यात्रियों को अपनी पात्रता साबित करने के लिए टोल प्लाजा पर जाकर ज़रूरी दस्तावेज़ जमा करने पड़ते थे। नए डिजिटल सिस्टम के तहत, अब पूरी प्रक्रिया कुछ ही मिनटों में डिजिटल रूप से पूरी की जा सकती है। इस डिजिटल पास की सबसे बड़ी खासियत यह है कि लोकल निवासी टोल प्लाजा से पूरे महीने कितनी भी बार सफर कर सकते हैं. पास बनने के बाद इसे गाड़ी के FASTag से डिजिटल रूप से लिंक कर दिया जाता है। ससे हर बार टोल भुगतान करने की जरूरत नहीं रहती और स्थानीय लोगों का समय भी बचता है।

इन लोगोंं को मिलेगा फायदा
सरकारी संस्था NHAI ने कुछ दिन पहले ऐलान किया था कि योग्य टोल प्लाज़ा के 20 km के दायरे में रहने वाले लोग 'राजमार्गयात्रा' मोबाइल ऐप के ज़रिए डिजिटल रूप से लोकल पास खरीद सकते हैं। इससे वे उस महीने के दौरान संबंधित टोल प्लाज़ा से अनलिमिटेड यात्रा कर सकेंगे। यह पहल सरकारी डिजिटल प्लेटफॉर्म (जैसे DigiLocker और VAHAN) के साथ सहमति-आधारित इंटीग्रेशन का इस्तेमाल करती है, ताकि यात्री के पते, गाड़ी के नंबर और उससे जुड़े FASTag से जुड़ी वेरिफाइड जानकारी अपने-आप मिल सके।
MargMitra हेल्प सेंटर में दे सकते हैं अपनी शिकायत
नेशनल हाईवे इस्तेमाल करने वालों के लिए सेवाओं को और बेहतर बनाते हुए, NHAI ने 'MargMitra' हेल्प सेंटर भी शुरू किया है। यह एक इंटेलिजेंट डिजिटल सहायता प्लेटफॉर्म है जिसे 'Rajmargyatra' मोबाइल ऐप में इंटीग्रेट किया गया है। नेशनल हाईवे इस्तेमाल करने वालों के लिए सिंगल-विंडो इंटरफ़ेस के तौर पर डिज़ाइन किया गया 'MargMitra', यात्रियों को एक आसान बातचीत वाले इंटरफ़ेस के ज़रिए जानकारी पाने, मदद मांगने और शिकायतें दर्ज करने की सुविधा देगा।

