महिला को बहुत जल्दी मोटापा देता है ये Hormones? इसे कंट्रोल में रखें
punjabkesari.in Wednesday, May 13, 2026 - 03:24 PM (IST)
नारी डेस्क: कई महिलाएं अचानक वजन बढ़ने की समस्या से परेशान रहती हैं और अक्सर इसका कारण केवल गलत खानपान या कम शारीरिक गतिविधि को मान लेती हैं। लेकिन कई मामलों में इसके पीछे शरीर के भीतर होने वाले हॉर्मोनल बदलाव भी अहम भूमिका निभाते हैं। शरीर में मौजूद कुछ जरूरी हॉर्मोन्स मेटाबॉलिज्म, भूख, ऊर्जा और फैट स्टोरेज को नियंत्रित करते हैं। जब इनका संतुलन बिगड़ता है, तो वजन बढ़ने के साथ-साथ कई अन्य शारीरिक बदलाव भी नजर आने लगते हैं। उम्र, तनाव, नींद की कमी और कुछ मेडिकल स्थितियां भी हॉर्मोन्स को प्रभावित कर सकती हैं। ऐसे में इन संकेतों को नजरअंदाज करना आगे चलकर बड़ी स्वास्थ्य समस्या का कारण बन सकता है। समय पर जांच और डॉक्टर की सलाह से स्थिति को बेहतर तरीके से संभाला जा सकता है।
किन हॉर्मोन्स की गड़बड़ी से बढ़ सकता है वजन?
महिलाओं के शरीर में कई ऐसे हॉर्मोन्स होते हैं, जिनका सीधा असर वजन पर पड़ता है। इनमें मुख्य रूप से थायरॉयड हॉर्मोन, इंसुलिन, कोर्टिसोल, एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन शामिल हैं। थायरॉयड हॉर्मोन की कमी होने पर शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है, जिससे कैलोरी बर्न कम होती है और वजन धीरे-धीरे बढ़ने लगता है। वहीं इंसुलिन रेजिस्टेंस की स्थिति में शरीर शुगर को सही तरीके से उपयोग नहीं कर पाता और अतिरिक्त फैट जमा होने लगता है। तनाव के कारण बढ़ने वाला कोर्टिसोल हॉर्मोन खासकर पेट के आसपास वजन बढ़ाने के लिए जिम्मेदार माना जाता है। इसके अलावा एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन के असंतुलन से भी शरीर में फैट डिस्ट्रीब्यूशन और वजन पर असर पड़ सकता है, खासकर पीसीओएस जैसी स्थितियों में।

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हॉर्मोनल असंतुलन के संकेत कैसे पहचानें?
हॉर्मोनल गड़बड़ी सिर्फ वजन बढ़ने तक सीमित नहीं रहती, बल्कि इसके कई अन्य संकेत भी शरीर में नजर आते हैं। अचानक थकान महसूस होना, मूड में बार-बार बदलाव आना और पीरियड्स का अनियमित होना इसके सामान्य लक्षण हो सकते हैं। कुछ महिलाओं में बाल झड़ने, त्वचा पर मुंहासे और नींद से जुड़ी परेशानियां भी देखने को मिलती हैं। इसके अलावा चेहरे या शरीर पर अनचाहे बाल आना और लगातार कमजोरी महसूस होना भी हॉर्मोनल असंतुलन की ओर इशारा कर सकता है। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी होता है।
हॉर्मोन्स को संतुलित रखने के आसान उपाय
हॉर्मोन संतुलन बनाए रखने के लिए सबसे जरूरी है लाइफस्टाइल में सुधार करना। संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और पर्याप्त नींद शरीर को स्वस्थ रखने में मदद करते हैं। इसके साथ ही तनाव को कम करना और जंक फूड से दूरी बनाना भी बेहद जरूरी है, क्योंकि ये दोनों ही हॉर्मोन्स पर सीधा असर डालते हैं। समय-समय पर हेल्थ चेकअप करवाना और किसी भी असामान्य लक्षण को नजरअंदाज न करना बेहतर स्वास्थ्य के लिए जरूरी है।

अगर समय रहते सही पहचान और इलाज किया जाए, तो हॉर्मोनल असंतुलन को आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है और वजन भी बेहतर तरीके से मैनेज हो सकता है।

