बालों का झड़ना और थकान? जानिए कहीं आप भी तो नहीं जिंक की कमी के शिकार

punjabkesari.in Monday, Mar 02, 2026 - 12:51 PM (IST)

नारी डेस्क:  हमारे शरीर को ठीक से काम करने के लिए कई जरूरी मिनरल्स की जरूरत होती है। इनमें से जिंक (Zinc) एक बेहद अहम मिनरल है, जिसकी कमी अक्सर महिलाओं में बाल झड़ना, अनियमित पीरियड्स, थकान और मुंहासे जैसी परेशानियों का कारण बन सकती है। कई बार महिलाएं इन लक्षणों को तनाव, उम्र या हार्मोनल बदलाव से जोड़ देती हैं, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि इन समस्याओं के पीछे जिंक की कमी भी एक मुख्य वजह हो सकती है।

जिंक क्यों है जरूरी?

जिंक हमारे शरीर में कई जरूरी काम करता है। यह हार्मोन संतुलन बनाए रखने में मदद करता है, इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाता है और सेल्स की मरम्मत करने में मदद करता है। इसके बिना ओव्यूलेशन असामान्य हो सकता है, पीएमएस के लक्षण बढ़ सकते हैं और मुंहासे भी तेजी से बढ़ सकते हैं। जिंक थायरॉयड फंक्शन से भी जुड़ा है, इसलिए इसके कम होने पर ऊर्जा कम हो सकती है और पीरियड्स गड़बड़ हो सकते हैं।

जिंक की दैनिक जरूरत

इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च के अनुसार, एडल्ट महिलाओं को रोजाना लगभग 8-12 मिलीग्राम जिंक की आवश्यकता होती है। खासकर शाकाहारी महिलाओं में जिंक की पर्याप्त मात्रा भोजन से नहीं मिल पाती। नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ हेल्थ के अनुसार, यह मिनरल प्रजनन स्वास्थ्य, घाव भरने, डीएनए निर्माण और इम्यून सेल्स के विकास के लिए जरूरी है। लेकिन अक्सर इसे आयरन या कैल्शियम जितना महत्व नहीं दिया जाता।

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जिंक की कमी के लक्षण

लगातार बाल झड़ना

अनियमित पीरियड्स और ओव्यूलेशन समस्या

पीएमएस के लक्षण बढ़ना

मुंहासे और त्वचा संबंधी समस्याएं

थकान, कमजोरी और एनर्जी लेवल में गिरावट

कमजोर इम्यूनिटी: बार-बार इंफेक्शन, सर्दी-जुकाम

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घाव देर से भरना

अनजाने में वजन घटना या सूजन

कुछ महिलाएं अधिक जोखिम में रहती हैं, जैसे मेनोरेजिया या PCOS से जूझ रही महिलाएं। लंबे समय से तनाव में रहने वाली महिलाएं। सख्त शाकाहारी गर्भवती महिलाएं, जिनमें जिंक की जरूरत और बढ़ जाती है

जिंक की कमी कैसे पूरी करें?

जिंक की कमी को पूरा करने के लिए इन खाद्य स्रोतों को अपने आहार में शामिल किया जा सकता है बीज और नट्स: कद्दू के बीज, काजू, बादाम। दाल और अनाज: मसूर, साबुत अनाज, भिगोकर पकाना फायदेमंद। पालक और हरी सब्जियां, अंडे और डेयरी: दही, सीफूड और लीन मीट चूंकि शरीर जिंक को लंबे समय तक स्टोर नहीं करता, इसलिए इसे रोजाना संतुलित मात्रा में लेना जरूरी है। सप्लीमेंट लेने से पहले जांच और विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी है, क्योंकि अधिक जिंक लेने से तांबे की कमी और पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं।

विशेषज्ञों की राय

अक्सर महिलाओं की स्वास्थ्य समस्याएं छोटे मिनरल की कमी से जुड़ी होती हैं, जिसे लंबे समय तक नजरअंदाज किया जाता है। सही आहार और आवश्यक पूरक से इन लक्षणों में सुधार संभव है। छोटे बदलाव भी स्वास्थ्य में बड़ा फर्क ला सकते हैं।

Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडी और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है। इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें। किसी भी नई गतिविधि, आहार या सप्लीमेंट को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें।  


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Content Editor

Priya Yadav

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