दुनिया की सबसे खूबसूरत प्रिंसेस बनी थी ईरान की रानी, लेकिन 9 साल में ही तलाक
punjabkesari.in Sunday, Mar 01, 2026 - 06:11 PM (IST)
नारी डेस्क: मध्यपूर्व आज भले ही राजनीतिक तनाव और विवादों के लिए जाना जाता हो, लेकिन एक समय ऐसा भी था जब यह क्षेत्र अपनी शाही शादियों के लिए मशहूर था। ऐसी ही एक ऐतिहासिक शादी 1939 में हुई थी, जब ईरान के क्राउन प्रिंस Mohammad Reza Pahlavi ने मिस्र की खूबसूरत राजकुमारी Princess Fawzia of Egypt से निकाह किया। यह रिश्ता दो शक्तिशाली शाही परिवारों को जोड़ने वाला माना गया, लेकिन यह शादी केवल 9 साल में ही टूट गई। सिर्फ 17 साल की उम्र में, मिस्र की राजकुमारी फौज़िया का विवाह ईरान के क्राउन प्रिंस मोहम्मद रेज़ा पहलवी से हुआ। यह शादी केवल राजनीतिक उद्देश्यों के लिए की गई थी ताकि मिस्र और ईरान के बीच अच्छे संबंध बनाए जा सकें। लेकिन इस राजनीतिक गठजोड़ ने फौज़िया को एक नई, कठोर और भावनात्मक रूप से चुनौतीपूर्ण दुनिया में डाल दिया – ईरानी दरबार।
Princess Fawzia Faud of Egypt (1921-2013) 🇪🇬 pic.twitter.com/vnbkvwqDPc
— MENA Visuals (@menavisualss) September 15, 2024
1939 की शाही शादी: दो देशों को जोड़ने वाला रिश्ता
मार्च 1939 में मिस्र की राजधानी Cairo में इस शाही निकाह का आयोजन हुआ। शादी का समारोह ऐतिहासिक Abdeen Palace में बेहद भव्य तरीके से किया गया। महल को रोशनी और फूलों से सजाया गया था। हजारों लोग इस शाही जोड़े की एक झलक पाने के लिए पहुंचे थे। कहा जाता है कि यह मध्यपूर्व की शुरुआती शादियों में से एक थी, जिसकी वीडियोग्राफी भी की गई थी। इस निकाह को केवल एक शादी नहीं, बल्कि ईरान और मिस्र के रिश्तों की नई शुरुआत के रूप में देखा गया था।
राजकुमारी से रानी तक का सफर
जब फावजिया का निकाह हुआ, तब उनकी उम्र मात्र 17 साल थी। वह मिस्र के राजा किंग फारूक प्रथम की छोटी बहन थीं। शादी के दो साल बाद 1941 में मोहम्मद रेजा पहलवी ईरान के शाह बने और इस तरह फावजिया ईरान की रानी बन गईं। दुनियाभर में उनकी खूबसूरती की चर्चा होती थी। उन्हें उस समय की सबसे सुंदर राजकुमारियों में गिना जाता था। लेकिन शाही जिंदगी की चमक-दमक के पीछे उनका निजी जीवन खुशहाल नहीं था।
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रिश्ते में बढ़ती दूरियां
शादी के कुछ समय बाद ही दोनों के बीच मतभेद शुरू हो गए। फावजिया को फारसी भाषा ठीक से नहीं आती थी, जिससे उन्हें ईरान के शाही परिवार और वहां की परंपराओं में घुलने-मिलने में कठिनाई हुई। ईरान के कई लोग भी उन्हें रानी के रूप में पूरी तरह स्वीकार नहीं कर पाए। इससे वह खुद को अकेला महसूस करने लगीं। धीरे-धीरे उन्होंने सार्वजनिक कार्यक्रमों में जाना कम कर दिया। खबरों के मुताबिक, दोनों के बीच अक्सर अनबन रहती थी। हालांकि आधिकारिक तौर पर तलाक की वजह फावजिया की खराब सेहत को बताया गया, लेकिन असली कारण आपसी दूरी और असंतोष माना गया।
9 साल बाद खत्म हुआ शाही रिश्ता
1945 में फावजिया ने तलाक की अर्जी दी और आखिरकार 1948 में दोनों का रिश्ता आधिकारिक रूप से खत्म हो गया। यह शादी, जिसे कभी दो देशों के मजबूत रिश्तों की नींव माना गया था, 9 साल में ही टूट गई।
Portraits of the Princess Fawzia of Egypt & Queen Consort of Iran pic.twitter.com/MM28OBNJgi
— Naida | Orphic Inscendence (@OInscendence) April 7, 2023
तलाक के बाद का दौर और ईरान में बदलाव
तलाक के बाद मोहम्मद रेजा पहलवी का शासन भी कई उतार-चढ़ाव से गुजरा। उनके कई फैसलों के कारण देश में असंतोष बढ़ा और आखिरकार 1979 में इस्लामिक क्रांति हुई। इस क्रांति के बाद उन्हें ईरान छोड़कर जाना पड़ा और देश में नई राजनीतिक व्यवस्था की शुरुआत हुई। मोहम्मद रेजा पहलवी और राजकुमारी फावजिया की शादी उस दौर की सबसे चर्चित शाही शादियों में से एक थी। यह रिश्ता राजनीति, शाही परंपरा और अंतरराष्ट्रीय संबंधों का प्रतीक था। लेकिन निजी असहमति और परिस्थितियों ने इस खूबसूरत दिखने वाले रिश्ते को ज्यादा समय तक टिकने नहीं दिया।

