अमेरिका में बदला Maternity ट्रेंड: 40+ महिलाएं टीनएज से ज्यादा बच्चों को दे रही हैं जन्म
punjabkesari.in Wednesday, Jan 07, 2026 - 03:55 PM (IST)
नारी डेस्क: अमेरिका में Maternity को लेकर एक ऐतिहासिक और चौंकाने वाला बदलाव देखने को मिला है। पहली बार ऐसा हुआ है कि 40 साल या उससे अधिक उम्र की महिलाएं, किशोर उम्र की लड़कियों से ज्यादा बच्चों को जन्म दे रही हैं। यह बदलाव सिर्फ आंकड़ों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज, शिक्षा, करियर और महिलाओं की सोच में आए बड़े परिवर्तन को भी दर्शाता है।
संघीय आंकड़े क्या कहते हैं?
संघीय आंकड़ों के अनुसार, अमेरिका में टीनएज प्रेग्नेंसी की दर अब रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच चुकी है। इसके उलट, 40 से 44 साल की महिलाओं में जन्म दर पिछले 20 वर्षों से लगातार बढ़ रही है। यह पहली बार है जब इन दोनों आयु वर्गों के बीच ऐसा बड़ा अंतर देखा गया है, जिसने जनसांख्यिकी विशेषज्ञों और स्वास्थ्य क्षेत्र का ध्यान खींचा है।
For the first time in U.S. history, there were more births among women 40 and older than among teenage moms. 🍼 pic.twitter.com/6zdbJ1U2Am
— My Mixtapez (@mymixtapez) July 19, 2025
शिक्षा और करियर बना रहे हैं नई सोच
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बदलाव की सबसे बड़ी वजह महिलाओं की बढ़ती शिक्षा और करियर पर फोकस है। आज की महिलाएं पहले पढ़ाई पूरी करना, प्रोफेशनल पहचान बनाना और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर होना चाहती हैं। इसके बाद ही वे परिवार और बच्चों के बारे में सोचती हैं। यही कारण है कि मातृत्व की उम्र अब आगे खिसकती जा रही है।
शादी में देरी और दोबारा विवाह भी अहम कारण
इस ट्रेंड के पीछे शादी में देरी और री-मैरेज (दोबारा विवाह) भी एक बड़ा कारण है। कई महिलाएं सही जीवनसाथी मिलने तक इंतजार करती हैं या पहले करियर को प्राथमिकता देती हैं। वहीं कुछ महिलाएं दोबारा शादी के बाद मां बनने का फैसला लेती हैं, जिससे 40+ उम्र में प्रेग्नेंसी के मामले बढ़ रहे हैं।
फर्टिलिटी ट्रीटमेंट और IVF की बड़ी भूमिका
आधुनिक चिकित्सा विज्ञान ने भी इस बदलाव को संभव बनाया है। आईवीएफ (IVF) और अन्य फर्टिलिटी ट्रीटमेंट्स ने उन महिलाओं के लिए रास्ता आसान किया है, जो पहले उम्र की वजह से मां नहीं बन पाती थीं। इन तकनीकों की सफलता दर बढ़ने से महिलाएं अब ज्यादा उम्र में भी आत्मविश्वास के साथ गर्भधारण कर पा रही हैं।
बेहतर प्रेनेटल केयर से कम हुए जोखिम
पहले 40 साल के बाद प्रेग्नेंसी को काफी जोखिम भरा माना जाता था। लेकिन अब आधुनिक प्रेनेटल केयर, नियमित जांच, अल्ट्रासाउंड और बेहतर मेडिकल मॉनिटरिंग की वजह से जोखिम काफी हद तक कम हो गए हैं। डॉक्टरों के अनुसार, सही देखभाल मिलने पर मां और बच्चे दोनों के स्वास्थ्य परिणाम पहले से कहीं बेहतर हो चुके हैं।
अब भी मौजूद हैं मेडिकल चुनौतियां
हालांकि विशेषज्ञ यह भी मानते हैं कि 40 की उम्र के बाद प्रेग्नेंसी में कुछ मेडिकल जोखिम जैसे हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज या समय से पहले डिलीवरी का खतरा बना रहता है। लेकिन समय पर जांच और इलाज से इन जोखिमों को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है।
परिवार बनाने के तरीके में ऐतिहासिक बदलाव
जनसांख्यिकी विशेषज्ञों का कहना है कि यह बदलाव अमेरिका में परिवार बनाने के पारंपरिक पैटर्न में एक बड़ा परिवर्तन दर्शाता है। अब मां बनने की कोई तय उम्र नहीं रह गई है। महिलाएं अपनी सुविधा, करियर और जीवन परिस्थितियों के अनुसार मातृत्व का फैसला ले रही हैं। 40 साल के बाद मां बनना अब असामान्य नहीं रहा। यह बदलाव दिखाता है कि महिलाएं अब अपने जीवन के फैसले खुद तय कर रही हैं। आने वाले समय में यह ट्रेंड और मजबूत हो सकता है, जिससे यह साफ है कि मातृत्व की टाइमलाइन अब नई पीढ़ियों के साथ बदल रही है।

