गुप्त नवरात्रि पर मिर्जापुर के विंध्यवासिनी धाम में होती है रहस्यमयी साधना, देशभर से आते हैं भक्त
punjabkesari.in Tuesday, Jan 20, 2026 - 02:15 PM (IST)
नारी डेस्क: मिर्जापुर स्थित मां विंध्यवासिनी धाम में हर साल गुप्त नवरात्रि के समय विशेष साधना की जाती है। आचार्यों के अनुसार, यहां की गई साधना से साधकों को शीघ्र सिद्धि मिलती है और उनकी अधूरी इच्छाएँ पूरी होती हैं। इस रहस्यमयी साधना के लिए देश के कोने-कोने से भक्त और साधक यहां आते हैं।
साधना का महत्व
विंध्यवासिनी धाम के आचार्य पं. अनुपम महाराज के अनुसार, देश के किसी अन्य स्थान पर साधना करने के बाद अगर साधक को फल नहीं मिलता, तो वह यहां आकर अपनी साधना पूरी करता है। यहां की साधना इतनी प्रभावशाली होती है कि साधकों की इच्छाएँ जल्दी पूरी हो जाती हैं।

नवरात्रि और गुप्त नवरात्रि में अंतर
पं. अनुपम महाराज ने बताया कि साधक की साधना को पूर्ण करने के लिए नवरात्रि और गुप्त नवरात्रि में अंतर होता है। साधक यदि किसी अन्य स्थान पर साधना कर चुके हों, तो मां विंध्यवासिनी के धाम में आकर उसे पूरा करना जरूरी होता है।

साधना की प्रक्रिया
साधक धाम में बैठकर विशेष योग, मुद्रा, हवन और भगवती के श्रृंगार के माध्यम से मां की पूजा और स्तुति करते हैं। आचार्य के अनुसार, मां के प्रसन्न होने के बाद ही साधक की साधना पूर्ण मानी जाती है।

असीम फल और शीघ्र सिद्धि
पं. अनुपम महाराज कहते हैं कि अन्य स्थानों पर साधना का फल सीमित होता है, लेकिन विंध्यवासिनी धाम में साधना का कोई सीमा नहीं है। यहां साधना करने मात्र से ही मनोकामना पूरी होती है और साधक को शीघ्र सिद्धि मिलती है। कई बड़े साधक जिन्होंने अन्य जगहों पर साधना पूरी नहीं की थी, उन्होंने भी यहां आकर साधना पूरी की और फल प्राप्त किया।
इसलिए गुप्त नवरात्रि के समय मां विंध्यवासिनी धाम में साधना का विशेष महत्व है। देशभर से साधक और भक्त यहां आकर अपनी अधूरी साधना पूर्ण करते हैं और अपनी इच्छाओं की पूर्ति पाते हैं।

