गर्मी में घमौरियों ने किया परेशान, राहत के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय
punjabkesari.in Friday, Aug 14, 2026 - 12:35 PM (IST)
नारी डेस्क : गर्मी और उमस का मौसम आते ही पसीना, चिपचिपाहट और स्किन से जुड़ी परेशानियां बढ़ने लगती हैं। इन्हीं में से एक है घमौरियां यानी हीट रैश, जिसमें त्वचा पर छोटे-छोटे लाल या गुलाबी दाने निकल आते हैं। इन दानों में खुजली, चुभन और जलन काफी परेशान कर सकती है। घमौरियां आमतौर पर तब होती हैं जब पसीने की नलिकाएं बंद हो जाती हैं और पसीना त्वचा के नीचे फंस जाता है। गर्म और उमस भरे मौसम में यह समस्या ज्यादा देखने को मिलती है। गर्दन, पीठ, छाती, बगल और त्वचा की सिलवटों वाले हिस्सों में घमौरियां होने की संभावना अधिक रहती है।
घमौरियां होने पर सबसे पहले क्या करें?
सबसे जरूरी है कि शरीर को ठंडा और सूखा रखा जाए। पसीना आने पर साफ पानी से त्वचा को धोकर अच्छी तरह सुखाएं और ढीले, सूती कपड़े पहनें।

ठंडी सिकाई करें: एक साफ कपड़े में बर्फ के कुछ टुकड़े लपेटकर प्रभावित जगह पर कुछ मिनट के लिए रखें। बर्फ को सीधे त्वचा पर न लगाएं। इससे खुजली, जलन और गर्माहट से राहत मिल सकती है।
एलोवेरा जेल लगा सकते हैं: अगर आपकी त्वचा एलोवेरा को आसानी से सहन करती है, तो बिना खुशबू वाला शुद्ध एलोवेरा जेल प्रभावित हिस्से पर लगाया जा सकता है। पहले त्वचा के छोटे हिस्से पर पैच टेस्ट कर लें। जलन होने पर तुरंत धो दें।
ठंडे पानी से नहाएं: गर्म पानी से नहाने के बजाय सामान्य या हल्के ठंडे पानी से नहाना बेहतर है। नहाने के बाद त्वचा को रगड़ने के बजाय हल्के हाथ से सुखाएं।
यें भी पढ़ें : होंठों पर नजर आते हैं इस कैंसर के 5 लक्षण, दिखते ही तुरंत डॉक्टर के पास जाएं
ढीले और सूती कपड़े पहनें: टाइट और सिंथेटिक कपड़े पसीने और गर्मी को त्वचा के पास रोक सकते हैं। घमौरियां होने पर ढीले और हल्के सूती कपड़े पहनें, ताकि त्वचा को हवा मिलती रहे।
कैलामाइन लोशन से मिल सकती है राहत: खुजली और जलन ज्यादा हो तो कैलामाइन लोशन कुछ लोगों में राहत दे सकता है। इसे पैकेज पर दिए निर्देशों के अनुसार इस्तेमाल करें।
त्वचा को सूखा रखें: पसीने से कपड़े गीले हो जाएं तो उन्हें बदल लें। खासकर गर्दन, बगल और त्वचा की सिलवटों को साफ और सूखा रखना जरूरी है।

ओटमील बाथ भी आजमा सकते हैं: कोलॉइडल ओटमील से नहाने से खुजली और त्वचा की जलन में राहत मिल सकती है। पानी बहुत गर्म न रखें।
घमौरियों को खुजाएं नहीं: खुजली होने पर बार-बार दाने खुजलाने से त्वचा पर खरोंच पड़ सकती है और संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है। नाखून छोटे रखें और प्रभावित हिस्से को रगड़ने से बचें।
भारी क्रीम और ऑयली प्रोडक्ट से बचें: घमौरियों के दौरान बहुत ज्यादा तैलीय क्रीम या ऐसे प्रोडक्ट लगाने से बचें जो त्वचा को ढक दें और पसीने की नलिकाओं को और ब्लॉक कर सकते हैं।
कपूर और दूसरे तेज घरेलू नुस्खों से रहें सावधान: कपूर, तेज खुशबू वाले तेल, नींबू या अन्य घरेलू पेस्ट सीधे घमौरियों पर लगाने से संवेदनशील त्वचा में जलन बढ़ सकती है। इसलिए ऐसे नुस्खों को आजमाने के बजाय त्वचा को ठंडा और साफ रखना ज्यादा सुरक्षित है।

कब डॉक्टर को दिखाना चाहिए?
सामान्य घमौरियां अक्सर त्वचा को ठंडा रखने और पसीने से बचने पर कुछ दिनों में ठीक हो जाती हैं। लेकिन अगर दानों में मवाद आने लगे, तेज दर्द हो, बुखार आए, लालिमा तेजी से फैल रही हो या कई दिनों में समस्या ठीक न हो, तो डॉक्टर या त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लें।
नोट : हर लाल दाने को घमौरियां समझना सही नहीं है। एलर्जी, फंगल इंफेक्शन या दूसरी त्वचा संबंधी समस्याएं भी इसी तरह दिखाई दे सकती हैं।

