Budget 2026: क्या हुआ सस्ता, क्या महंगा और मिडिल क्लास को कितना फायदा
punjabkesari.in Sunday, Feb 01, 2026 - 02:40 PM (IST)
नारी डेस्क: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार, 1 फरवरी 2026 को संसद में केंद्रीय बजट 2026-27 पेश किया। यह उनका लगातार नौवां बजट है, जो खुद में एक रिकॉर्ड है। बजट पेश करने से पहले वित्त मंत्री और राज्य मंत्री पंकज चौधरी कृतव्य भवन पहुंचे और कैबिनेट की मंजूरी के बाद बजट संसद में प्रस्तुत किया गया।
आम आदमी और मिडिल क्लास को बड़ी राहत
बजट में मिडिल क्लास और आम लोगों को कई तरह की राहत दी गई है। ट्रैवल और मेडिकल TCS: विदेश यात्रा और मेडिकल खर्चों पर TCS पहले 5% था, इसे घटाकर 2% कर दिया गया। इसका मतलब विदेश में इलाज या यात्रा अब पहले से बहुत सस्ती होगी। मोटर इंश्योरेंस TDS: वाहनों की इंश्योरेंस पेमेंट पर लगने वाला TDS अब पूरी तरह हट गया, जिससे इंश्योरेंस क्लेम और प्रीमियम की प्रक्रिया आसान हो जाएगी। इनकम टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया गया, लेकिन छोटे टैक्सपेयर्स के लिए नया स्कीम 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा।
दवाइयों और स्वास्थ्य क्षेत्र में सस्ती चीजें
कैंसर से जुड़ी 17 दवाइयां भारत में सस्ती होंगी। 7 दुर्लभ बीमारियों की दवाइयों की कीमत घटाई जाएगी। शुगर और कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों की दवाइयां अब आम लोगों के लिए किफायती होंगी। मेडिकल टूरिज्म के लिए पांच हब्स को सपोर्ट मिलेगा और तीन नए अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान खोले जाएंगे।
इंफ्रास्ट्रक्चर और टेक्नोलॉजी में बड़ा निवेश
देश में 7 हाईस्पीड रेल कॉरिडोर बनाए जाएंगे। 20 नए जल मार्ग विकसित किए जाएंगे
चार राज्यों में खनिज कॉरिडोर का निर्माण होगा
तमिलनाडु, ओडिशा, आंध्र प्रदेश और केरल। तीन केमिकल पार्क और बड़े टेक्सटाइल पार्क बनाए जाएंगे। बायोफार्मा सेक्टर के लिए 10,000 करोड़ रुपये का आवंटन, जिससे देश में दवाइयां सस्ती हों और बायोफार्मा हब बने। किसानों के लिए AI एग्री टूल और हर जिले में एक गर्ल्स हॉस्टल बनाने की योजना।
ये भी पढ़ें: मिडिल क्लास को बड़ी राहत, TCS और TDS में बड़ा बदलाव, अब केवल 2% लगेगा टैक्स
शिक्षा और महिलाओं के लिए कदम
15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में कंटेंट क्रिएटर लैब्स बनाई जाएंगी। लड़कियों की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए हर जिले में गर्ल्स हॉस्टल बनाए जाएंगे। उच्च शिक्षा में STEM संस्थानों में अध्ययन करने वाली लड़कियों के लिए सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी।
निवेश और कॉर्पोरेट मार्केट
कॉर्पोरेट और म्युनिसिपल बॉन्ड मार्केट को मजबूत करने का प्लान। 1,000 करोड़ रुपये से ज्यादा के बॉन्ड जारी करने पर बड़े शहरों को 100 करोड़ रुपये का प्रोत्साहन। कॉर्पोरेट बॉन्ड पर टोटल रिटर्न स्वैप पेश करने का प्रस्ताव। विदेशी निवेश को आकर्षित करने के लिए मार्केट-मेकिंग फ्रेमवर्क तैयार किया जाएगा।
क्या महंगा होगा
खनिज और स्क्रैप
शराब
वायदा कारोबार
क्या सस्ता होगा
कैंसर, शुगर और 7 दुर्लभ बीमारियों की दवाइयां
सोलर एनर्जी से जुड़ी चीजें
चमड़ा और कपड़ा निर्यात
जूते, बैट्री, माइक्रोवेव ओवन
रक्षा क्षेत्र में बेसिक कस्टम ड्यूटी में छूट
बजट का आर्थिक असर
राजकोषीय घाटा घटाकर 4.3% किया गया। भारत की अर्थव्यवस्था 7% ग्रोथ रेट के साथ बढ़ी। GST संग्रह जनवरी 2026 में 1,93,384 करोड़ रुपये, पिछले साल से 6.2% अधिक। बजट पेश होने से पहले डिफेंस स्टॉक्स में तेजी, लेकिन कुछ घंटे बाद शेयर बाजार में गिरावट भी देखी गई।
वित्त मंत्री का संदेश
निर्मला सीतारमण ने कहा कि बजट में विकास, सुधार और स्थिरता पर जोर दिया गया है। सरकार ने आम लोगों को प्राथमिकता दी और लोकलुभावनवाद की बजाय सुधारों और निवेश को महत्व दिया। देश की आर्थिक मजबूती, ऊर्जा सुरक्षा और वैश्विक स्तर पर भारत की स्थिति को मजबूत करना इस बजट का मुख्य उद्देश्य है।

