Pregnancy की योजना बना रही हैं? पहले समझिए Ovulation का सही समय
punjabkesari.in Tuesday, Aug 04, 2026 - 12:12 PM (IST)
नारी डेस्क: यदि आप गर्भधारण (Pregnancy) की योजना बना रही हैं, तो केवल पीरियड्स की तारीख याद रखना ही काफी नहीं है। इसके साथ यह जानना भी बेहद जरूरी है कि आपका Ovulation Day कब आता है। यही वह समय होता है जब महिला के गर्भधारण की संभावना सबसे अधिक होती है। यदि इस दौरान सही समय पर संबंध बनाए जाएं, तो प्रेग्नेंसी के चांस काफी बढ़ सकते हैं। हालांकि, हर महिला की पीरियड साइकिल अलग होती है। इसलिए ओवुलेशन का समय भी उसी के अनुसार बदलता है। IVF विशेषज्ञ डॉ. रिदम गुप्ता ने अपने सोशल मीडिया वीडियो के जरिए आसान तरीके से समझाया है कि आप अपनी पीरियड साइकिल के आधार पर ओवुलेशन डे कैसे निकाल सकती हैं।
क्या होता है Ovulation
ओवुलेशन महिलाओं के मासिक धर्म चक्र (Menstrual Cycle) का वह चरण है, जब ओवरी (अंडाशय) से एक परिपक्व अंडा (Egg) बाहर निकलता है। इसके बाद यह अंडा फैलोपियन ट्यूब में पहुंचता है, जहां यदि शुक्राणु (Sperm) से इसका मिलन हो जाए तो गर्भधारण हो सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, अंडा रिलीज होने के बाद लगभग 12 से 18 घंटे तक ही निषेचन (Fertilization) के लिए सक्षम रहता है। इसलिए इस समय के आसपास संबंध बनाना सबसे अधिक लाभदायक माना जाता है।

Fertile Window क्या होती है
ओवुलेशन से पहले और बाद के कुछ दिनों को फर्टाइल विंडो (Fertile Window) कहा जाता है। यही वह समय होता है जब महिला के गर्भधारण की संभावना सबसे ज्यादा रहती है। ओवुलेशन से लगभग 4 दिन पहले से लेकर 1 दिन बाद तक का समय सबसे अधिक फर्टाइल माना जाता है। हालांकि, ओवुलेशन से एक दिन पहले और ओवुलेशन वाले दिन प्रेग्नेंसी की संभावना सबसे अधिक होती है क्योंकि शुक्राणु महिला के शरीर में कई दिनों तक जीवित रह सकते हैं।
अपना Ovulation Day कैसे निकालें?
ओवुलेशन डे जानने के लिए सबसे पहले आपको अपनी पीरियड साइकिल की लंबाई पता होनी चाहिए। यानी एक पीरियड शुरू होने से अगले पीरियड शुरू होने तक कुल कितने दिन का अंतर रहता है। आमतौर पर ओवुलेशन का अनुमान लगाने के लिए एक आसान तरीका अपनाया जाता है पीरियड साइकिल के कुल दिनों में से 14 दिन घटा दें। जो संख्या प्राप्त होगी, वही आपके ओवुलेशन का संभावित दिन माना जाता है।
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यदि आपकी पीरियड साइकिल 28 दिन की है
मान लीजिए आपका पीरियड महीने की 1 तारीख को शुरू हुआ और आपकी साइकिल नियमित रूप से 28 दिन की रहती है। ऐसी स्थिति में 28 में से 14 घटाने पर उत्तर 14 आता है। इसका मतलब है कि पीरियड शुरू होने के लगभग 14वें दिन ओवुलेशन होने की संभावना रहती है। यदि पहला दिन 1 तारीख है, तो लगभग 14 तारीख के आसपास ओवुलेशन हो सकता है। ऐसे में 13 और 14 तारीख को संबंध बनाने से गर्भधारण की संभावना अधिक मानी जाती है।
यदि आपकी पीरियड साइकिल 30 दिन की है
अगर आपकी मासिक धर्म साइकिल 30 दिन की है, तो 30 में से 14 घटाने पर उत्तर 16 आता है। यदि पीरियड 1 तारीख को शुरू हुआ है, तो लगभग 16वें दिन यानी 16 तारीख को ओवुलेशन होने की संभावना रहती है। ऐसे में 15 और 16 तारीख को संबंध बनाने की सलाह दी जाती है। यदि पीरियड 7 तारीख को शुरू हुआ हो, तो 7 तारीख को पहला दिन मानते हुए 16वां दिन लगभग 22 तारीख होगा। ऐसे में 21 और 22 तारीख गर्भधारण के लिए अधिक अनुकूल मानी जा सकती हैं।

अगर पीरियड साइकिल 21 से 35 दिनों के बीच हो
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि आपकी पीरियड साइकिल 21 से 35 दिनों के बीच रहती है, तो इसे सामान्य माना जाता है। ऐसी स्थिति में भी ओवुलेशन का संभावित दिन जानने के लिए यही फॉर्मूला अपनाया जा सकता है। यानी कुल साइकिल दिनों में से 14 दिन घटाकर अनुमान लगाया जा सकता है कि ओवुलेशन कब हो सकता है।
अनियमित पीरियड होने पर क्या करें
यदि आपके पीरियड नियमित नहीं हैं और हर महीने अलग-अलग अंतराल पर आते हैं, जैसे कभी 21 दिन, कभी 25 दिन और कभी 31 दिन बाद, तो केवल कैलेंडर के आधार पर ओवुलेशन डे का सही अनुमान लगाना मुश्किल हो जाता है। ऐसी स्थिति में डॉक्टर की सलाह लेना बेहतर होता है। विशेषज्ञ जरूरत पड़ने पर फॉलिकुलर मॉनिटरिंग (Follicular Monitoring) या अल्ट्रासाउंड की मदद से यह पता लगाते हैं कि अंडा कब विकसित हो रहा है और ओवुलेशन कब होने की संभावना है। इससे गर्भधारण की योजना अधिक सटीक तरीके से बनाई जा सकती है।
Ovulation के दौरान किन बातों का रखें ध्यान
यदि आप गर्भधारण की योजना बना रही हैं, तो केवल ओवुलेशन डे जानना ही पर्याप्त नहीं है। इसके साथ संतुलित आहार, पर्याप्त नींद, तनाव से दूरी और स्वस्थ जीवनशैली भी प्रजनन क्षमता को बेहतर बनाने में मदद करती है। किसी भी प्रकार की समस्या या लंबे समय तक गर्भधारण न होने की स्थिति में स्त्री रोग विशेषज्ञ या फर्टिलिटी एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।
ओवुलेशन डे का कैलकुलेशन एक अनुमानित तरीका है। हर महिला के शरीर की कार्यप्रणाली अलग होती है और कई बार तनाव, बीमारी, हार्मोनल बदलाव या अन्य कारणों से ओवुलेशन की तारीख बदल सकती है। इसलिए यदि आप परिवार बढ़ाने की योजना बना रही हैं और लंबे समय से सफलता नहीं मिल रही है, तो डॉक्टर से उचित जांच और सलाह लेना सबसे सही कदम होगा।
यह लेख केवल सामान्य स्वास्थ्य संबंधी जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इसमें दी गई जानकारी किसी चिकित्सकीय सलाह का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य समस्या, गर्भधारण की योजना या उपचार से संबंधित निर्णय लेने से पहले योग्य स्त्री रोग विशेषज्ञ या फर्टिलिटी विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य करें।

