महिलाओं में मौत का दूसरा बड़ा कारण सर्वाइकल कैंसर, 5 टिप्स से करें बचाव

punjabkesari.in Saturday, Aug 15, 2020 - 05:40 PM (IST)

सर्वाइकल कैंसर एक ऐसी खतरनाक बीमारी है, जो गर्भाशय ग्रीवा से शुरू होकर लिवर, ब्लैडर, योनि, फेफड़ों और किडनी तक फैल जाता है। आंकड़ों की मानें तो ब्रेस्ट कैंसर के बाद 50% महिलाओं में मौत का दूसरा कारण सर्वाइकल कैंसर है।

सर्वाइकल कैंसर क्या है?

सर्वाइकल कैंसर गर्भाश्य ग्रीवा से शुरू होकर शरीर के दूसरे अंगों तक फैलता है। गर्भाश्य ग्रीवा एक सरफेस से कवर होती है, जिसके सेल्स में कैंसर विकसित होता है। यह बीमारी ज्यादातर ह्यूमन पैपीलोमा वायरस के कारण होती है।

किन महिलाओं को अधिक खतरा?

30-45 की उम्र में महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर का सबसे अधिक खतरा होता है। इसके अलावा 
. गर्भनिरोधक गोलियों का अधिक सेवन करना
. अल्कोहल और सिगरेट पीना
. एचपीवी संक्रमण के कारण
. ह्यूमन पैपीलोमा वायरस
. कम उम्र में मां बनना
. बार-बार प्रेग्नेंट होना
. और असुरक्षित यौन संबंध बनाने के कारण महिलाएं इस बीमारी की चपेट में जल्दी आ जाती हैं।

सर्वाइकल कैंसर के लक्षण

- पीरियड्स अनियमित
- असामान्य रक्तस्राव
- व्हाइट डिस्चार्ज
- बार-बार यूरिन आना
- पेट के निचले हिस्से व पेडू में दर्द या सूजन
- बुखार, थकावट
- भूख न लगना
- वैजाइना से लाइट पिंक जेलनुमा डिस्चार्ज

चेकअप है जरूरी

सर्वाइकल कैंसर से बचने के लिए सबसे जरूरी है नियमित चेकअप। महिलाओं को चाहिए कि वह साल में 2 या 3 साल में 1 बार पैप स्मीयर टेस्ट करवाएं, ताकि समय रहते इस बीमारी का पता लगाया जा सके।

ऐसे टिप्स जो रखेंगे सर्वाइकल कैंसर से बचाव

1. असुरक्षित शारीरिक संबंध बनाने से बचे और एक से ज्यादा पार्टनर के साथ संबंध ना बनाएं।
2. धूम्रपान, शराब जैसी नशीली वस्तुओं से जितना हो सके दूरी बनाकर रखें। इनमें निकोटीन होता है, जो गर्भाशय-ग्रीवा में जमा होकर कैंसर सेल्स को बढ़ावा देता है।
3. अपनी डाइट में फल, सब्जियां, डेयरी प्रोडक्ट्स, फाइबर फूड्स, साबुत अनाज, दही, सूखे मेवे, बीन्स आदि अधिक लें। साथ ही जंक फूड्स और बाहरी चीजों से दूरी बनाकर रखें।
4. रोजाना 30 मिनट एक्सरसाइज और योग करें। इसके अलावा फिजिकल एक्टिविटी भी ज्यादा से ज्यादा करें और भोजन के बाद भी 10 मिनट जरूर टहलें। सबसे जरूरी बात अपना मोटापा कंट्रोल में रखें क्योंकि यह सिर्फ कैंसर ही नहीं बल्कि कई बीमारियों की जड़ है।
5. इस बीमारी से बचने के लिए सबसे जरूरी है टीकाकरण। इसके बीमारी से बचने के लिए HPV इंजेक्शन लगाना ना भूलें। आप चाहे तो पोलियो की तरह यह इंजेक्शन भी कम समय में लगवाया जा सकता है लेकिन डॉक्टर की सलाह पर।

Content Writer

Anjali Rajput