इन शुरूआती लक्षणों को पहचानकर करें प्रैग्नेंसी टेस्ट

Tuesday, August 15, 2017 3:13 PM
इन शुरूआती लक्षणों को पहचानकर करें प्रैग्नेंसी टेस्ट

प्रैग्नेंसी के लक्षण : शादी के बाद अगर पीरियड्स आना बंद हो जाए तो महिला को एक ही बात का डर लगा रहता है कि वह प्रैग्नेंट है या नहीं। वैसे तो मां बनना काफी सुखद और खुशी का पल होता है लेकिन कई बार महिलाएं प्रैग्नेंसी के शुरूआती लक्षणों को पहचान नहीं पाती जिससे बहुत सी दिक्कते आ सकती है।  शरीर में  हो रहे इन परिवर्तनों को पहचनाकर प्रैग्नेंसी टेस्ट करवाना जरूरी है। हम आपको प्रैग्नेंसी के लक्षणों के बारे में बताएंगे, जो प्रैग्नेंसी के शुरूआती दिनों में होते है। 

 

 

ब्रैस्ट में भारीपन

 

PunjabKesari
प्रैग्नेंसी के दौरान शरीर में बहुत हार्मोन परिवर्तन होने लगते है। ब्रैस्ट को ऊतक भी संवेदनशिल होत जाते है, जिससे ब्रैस्ट में सूजन और भारीपन महसूस होने लगता है। अगर आपको भी कुछ ऐसा दिखाई देता है तो तुंरत अपना प्रैग्नेंसी टेस्ट करवाएं। 

 

स्वाद के प्रति बदलाव
प्रैग्नेंसी के दौरान महिला के मुंह का स्वाद भी बदल जाता है। खास कर महिला को खट्टा खाने का मन करने लगता है। इतना ही नहीं, महिला को कुछ गंध से भी एलर्जी होने लगती है।

 

उल्टी और घबराहट

PunjabKesari


प्रैग्नेंसी में यह लक्षण शरूआती है। जब कोई औरत प्रैग्नेंट होती है तो पहले महीने उसे उल्टी और घबराहट की समस्या रहती है। कमजोरी भी महसूस होने लगती है। 

 

निप्पल के रंग में बदलाव 
अगर पीरियड्स लेट हो जाए और निप्पल का रंग बदलने लगे तो समझ ले कि यह प्रैग्नेंसी का लक्षण है। प्रैग्नेंसी के दौरान शरीर में हार्मोन परिवर्तन से मेलनाइट्स काफी प्रभावित होते है। इसका प्रभाव उन कोशिकाओं में पड़ने लगता है जो निप्पल का रंग बदलने में उत्तरदायी होती है।

 

बार-बार यूरिन आना
प्रैग्नेंसी के दौरान किडनी दोगुणा तेजी से काम करने लगती है, जिस वजह से वह सक्रिय हो जाती है और बार-बार यूरिन आने लगता है। इस वजह से महिलाओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। 

 

थकान महसूस होना

PunjabKesari
शरीर में हार्मोन का बदलाव प्रैग्नेंसी के बाद इतनी तेजी से होने लगते है कि शरीर में कमजोरी आने लगती है, जिससे ज्यादा थकान महसूस होने लगती है। 

 

कब्ज की समस्या
प्रैग्नेंसी के शुरूआती दिनों में पाचन क्रिया पर भी काफी प्रभाव पड़ता है। जिस वजह से पाचन क्रिया धीरे-धीरे काम करने लगती है और कब्ज की समस्या होने लगती है। 

 

सिर में दर्द 
प्रैग्नेंसी के दौरान रक्त वाहिकाओं में रक्त का प्रवाह तेजी से होने लगता है। जिस वजह से शरीर का ब्लड वॉल्यूम बढ़ने लगता है जिस वह से सिर में दर्द रहने लगता है।  

 

 




यहाँ आप निःशुल्क रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं, भारत मॅट्रिमोनी के लिए!